Ahmad Rizvi

न्याय से उठता विश्वास

भारत के मुख्य न्यायाधीश का यह कहना ज्ञापन के स्थान पर याचिका दाखिल करे और कानून के अनुसार न्याय दिया जायेगा, पहली बात मुख्य चुनाव आयुक्त के पद के दुरुपयोग और करोड़ों लोगों के वोटर लिस्ट से बाहर किया गया है, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग विपक्ष कर रहा है। सवाल पैदा होता है कि मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ अगर मुकदमा न्यायालय में दाखिल कर भी लिया जाए और मुकदमे को स्वीकार कर लिया जाए तो इसका परिणाम होगा मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ चल रहे आंदोलन का खात्मा और नियमानुसार कोर्ट का फ़ैसला होगा कि संसद में बना कानून के अनुसार मुख्य चुनाव आयोग के ऊपर पद में रहते हुवे और सेवा निवृत होने के बाद मुकदमा नहीं चलाया जा सकता है दूसरी बात जब जज न्याय करने के स्थान पर सुझाव देने लगे और अपराधी को दंडित करने के बजाय पीड़ित को सुझाव दें कि इस बार नाम कट गया है वोटर लिस्ट से तो क्या हुआ अगले बार वोट डाल देना लेकिन इस बार अगर नाम कट गया तो अगले बार वोटर लिस्ट में नाम क्यों आएगा यह बताने वाला कोई नहीं है इसलिए लोग न्यायपालिका से न्याय के मामले मे ना उम्मीद होते चले जा रहे हैं और सरकार के मंशा के अनुसार का...

अमेरिका और पश्चिमी देशों का ढोंग 1 : रासायनिक हथियार

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान पश्चिमी देशों का प्रचार की जर्मनी के द्वारा रासायनिक हथियार (chemical weapon) का प्रयोग किया गया इसका दुष्प्रचार किया गया और ऐसा दिखाया गया कि पश्चिमी देश और अमेरिका बिल्कुल मासूम थे बाद के समय मे इंसानियत का कत्ल करने वाले अमेरिका ने जापान पर परमाणु बम से हमला करके हिरोशिमा और नागासाकी के दसियों लाख बेगुनाह मासूम जापानियों नागरिक का होलोकास्ट किया । सन 2011 मे आई. एस. आई. एस. जैसे संगठन को पश्चिमी देशों और अमेरिका के द्वारा बनाया गया और उनकी बड़ी सैन्य सहायता की गई । दुनिया के बहुत सारे छोटे बड़े देशों के पास ऐसे हथियार मौजूद नहीं थे जो पश्चिमी देशों और अमेरिका के द्वारा निर्मित हथियार इस संगठन के पास उपलब्ध कराए गए थे । आतंकवादियों के भेष मे अमेरिका ब्रिटेन फ्रांस और अन्य देशों की सेना इराक और सीरिया मे लड़ रही थी । सीरिया मे मशहूर ब्रिटिश आतंकवादी जॉन जिसने बर्बरता की सीमा पार की थी । उधर pentagon अपने बयान मे कहा था कि आई. एस. आई. एस. को 50 साल तक कोई निकाल नहीं सकता । अमेरिका और पश्चिमी देशों ने आतंकवाद को खत्म करने के बहाने आई. एस. आई. एस. की मदद करना आरम्भ कर दिया और उन लोगों पर अमेरिका ब्रिटेन की फौजों ने हमला किया जो आई. एस. आई. एस. से जंग कर रहे थे । सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद पर केमिकल हथियारों के प्रयोग का इल्ज़ाम लगाकर हंगामा किया ताकि दुनियाभर के लोगों और शासकों का समर्थन हासिल करके सत्ता से हटाया जाए जो असफल हो गया । दूसरी ओर 7 अक्टूबर 2023 को हमास (फिलिसतीन का संगठन) के द्वारा इस्राइल पर किए गए हमले के बाद जिस तरह इस्राइल के द्वारा बेगुनाह मासूम फिलिस्टीनी जनता पर फास्फोरस बम और अन्य केमिकल वेपन (जो प्रतिबंधित वेपन है ) का प्रयोग किया गया । और सरीन गैस का प्रयोग किया गया । इस्राइली यहूदी के रासायनिक हथियारों के प्रयोग के बावजूद अमेरिका ब्रिटेन फ्रांस और अन्य पश्चिमी देश के द्वारा न केवल खामोशी अख्तियार की गई है बल्कि यहूदी इस्राइल का समर्थन कर रहे है । हिपपोक्रेसी , पाखंड , दोगलापन , मक्कारी और इंसानियत के खिलाफ खड़े होना दिख रहा है और अमेरिका ब्रिटेन फ्रांस और पश्चिमी देशों के दोगलेपन को दिखा रहा है । और इसी दोगलेपन के साथ आने वाले समय मे अन्य देशों और दुनिया को नसीहत कर रहे होंगे । सीरिया के राष्ट्रपति पर आरोप लगाया गया कि रासायनिक हथियार का उपयोग किया गया जबकि उस आरोप संदेह की बुनियाद पर था और आई. एस. आई. एस. पर भी आरोप था कि केमिकल वेपन उसने चलाया । मगर यहूदी इस्राइल के रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल साबित होने के बाद अमेरिका ब्रिटेन फ्रांस और पश्चिमी देश का यहूदी इस्राइल के साथ खड़ा होना और समर्थन देना और समर्थन करना और यहूदी इस्राइल को घातक हथियारों की आपूर्ती इन देशों के द्वारा करना इस बात को बल दे रहा है कि असल मे आतंकवादियों के साथ अमेरिका ब्रिटेन फ़्रांस और अन्य पश्चिमी देश मज़बूती से खड़े है और यह मज़बूती इस पर भी है कि यह देश संयुक्त राष्ट्र संघ मे वीटो पॉवर भी है इस देशों को आतंकवादियों के संरक्षक होने के बावजूद उन पर कोई सवाल नहीं उठा सकता अगर कोई सवाल उठाया जाता है तो इनके पास वीटो पॉवर भी है । दुनिया भर मे , अमेरिका ब्रिटेन फ़्रांस और अन्य पश्चिमी देश आतंकवादियों और आतंकवाद का संरक्षण देना , प्रशिक्षण देना दूसरे देशों मे मदाखलत करना उनके देशों मे तख्ता पलट कराना जहां पर इनके मर्ज़ी के शासक नहीं है ,आतंकियों को हथियार उपलब्ध कराना , दूसरे देशों के resources को लूटना दूसरे देशों की दौलत लूटना ,यह इनका मुख्य कार्य है ।

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