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Ahmad Rizvi

न्याय से उठता विश्वास

भारत के मुख्य न्यायाधीश का यह कहना ज्ञापन के स्थान पर याचिका दाखिल करे और कानून के अनुसार न्याय दिया जायेगा, पहली बात मुख्य चुनाव आयुक्त के पद के दुरुपयोग और करोड़ों लोगों के वोटर लिस्ट से बाहर किया गया है, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग विपक्ष कर रहा है। सवाल पैदा होता है कि मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ अगर मुकदमा न्यायालय में दाखिल कर भी लिया जाए और मुकदमे को स्वीकार कर लिया जाए तो इसका परिणाम होगा मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ चल रहे आंदोलन का खात्मा और नियमानुसार कोर्ट का फ़ैसला होगा कि संसद में बना कानून के अनुसार मुख्य चुनाव आयोग के ऊपर पद में रहते हुवे और सेवा निवृत होने के बाद मुकदमा नहीं चलाया जा सकता है दूसरी बात जब जज न्याय करने के स्थान पर सुझाव देने लगे और अपराधी को दंडित करने के बजाय पीड़ित को सुझाव दें कि इस बार नाम कट गया है वोटर लिस्ट से तो क्या हुआ अगले बार वोट डाल देना लेकिन इस बार अगर नाम कट गया तो अगले बार वोटर लिस्ट में नाम क्यों आएगा यह बताने वाला कोई नहीं है इसलिए लोग न्यायपालिका से न्याय के मामले मे ना उम्मीद होते चले जा रहे हैं और सरकार के मंशा के अनुसार का...

जन्नतुल बक़ी

रसूल उल्लाह सल्लालाहों अलैह व आले वसल्लम ने जब ग़दीर में हज़रत अली को मौला का ऐलान किया कि जिसका मौला मैं उसके मौला अली इस ऐलान के बाद नबी करीम को ज़हर दे दिया गया उसके बाद यजीदीयों ने हज़रत अली को मस्जिद में सजदे के दौरान क़त्ल कर दिया यजीदीयों ने हज़रत अली के बेटे इमाम हसन को ज़हर दिलवाकर क़त्ल करा दिया आगे हज़रत अली के बेटे इमाम हुसैन और उनके समस्त परिवार, दोस्त समेत सबको क़त्ल करा दिया 1932 में एक बार फ़िर मुआविया और यजीद की औलाद को अरब की सत्ता ब्रिटिशों के रहमो करम से मिल गई जो सबसे पहला काम मुआविया और यजीद की औलादो और उनके चाहने वालो ने मोहम्मद मुस्तफा सल्लालाहों अलैह व आले मोहम्मद से दुश्मनी को अंजाम देते हुए अल्लाह के नबी की बेटी के मकबरा को ध्वस्त कर दिया सवाल उठता है कि 632 से बना हुआ 1932 तक कायम रहा अब तक वहां इस्लाम नहीं था ऐसा यजीदीयों का मानना है अब यजीदी अल्लाह के नबी के रोजे को तोड़ने की साज़िश भी यजीदी रचते आ रहे है रसूल उल्लाह सल्लालाहों अलैह व आले वसल्लम ने जब ग़दीर में हज़रत अली को मौला का ऐलान किया कि जिसका मौला मैं उसके मौला अली इस ऐलान के बाद नबी करीम को ज़हर दे दि...