Ahmad Rizvi

सिद्धांतवादी पार्टी कोई नही सिर्फ़ एक को छोड़कर

यह त्रणमूल कांग्रेस हो कांग्रेस हो शिवसेना हो या कोई अन्य पार्टी हो इनके कोई सिद्धांत है ही नही सिद्धांत अगर है तो वो है राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के उनको हिन्दू राष्ट्र बनाने और बाकि अक़्लियतो को आर्थिक समाजिक धार्मिक रूप से कंगाल बनाने का नज़रिया है और इसके लिए उसके पास करोडो लोग है उसके कार्यकर्ता प्रधानमंत्री ग्रहमन्त्री लोकसभा के स्पीकर रक्षा मंत्री से लेकर राज्यो के मुख्यमंत्री  और अधिकतर मंत्री और विधायक और सांसद है आर एस एस के कार्यकर्ता दूसरी पार्टी मे होने के बावजूद वो आर एस एस के प्रति वफ़ादार है यहां तक कि कार्यपालिका विधायिका और न्यायापालिका मे भी उसके कार्यकर्ता पहुंच चुके है जो संविधान के प्रति वफ़ादार नही है बल्कि वो अपने संघठन और उसके चीफ़ के प्रति वफ़ादार है इसलिये जब कभी किसी व्यक्ति के साथ ज़ुल्म या ज़्याद्ती होती है या बेइमानी की जाती है उसमे हिन्दू राष्ट्र और आर एस एस की मुसलमानों और ईसाईयों के प्रति नफ़रत के कारण होता है अब सिद्धान्त वाली बात तो किसी पार्टी मे कोई सिद्धांत नही है आर एस एस मे सिद्धांत है वो हिन्दू राष्ट्र बनाने का और मुसलमानों पर अत्याचार करने उनकी जायद...

अमेरिकी हरामज़ादे

 ईरान के सुप्रीम लीडर के खिलाफ़ दुश्प्रचार जारी है और  उनकी तुलना हिटलर से कर रहे है इन हरामज़ादे अपना किरदार देखे दूसरो को नसीहत न करे :-

1. अमेरिका और अमेरिकन समाज मे बहुत सारे लोग बद किरदार है इनके ताल्लुकात जेफ़्री एफ़स्टीन जैसे भड़वे के साथ और हाज़ा president के सम्बन्ध उनके साथ है जो बहुत छोटी छोटी बच्चीयो के साथ बलात्कार करते थे औए एफ़स्टीन मोसाद का एजेंट भी था इस्राइल इस घिनौने काम को करने मे शामिल था. |

2. अमेरिका ने इन्सानो के साथ जो हैवानियत की है उससे हैवान भी शर्मशार हो जाये जापान के दो शहरों हिरोशिमा और नागासाकी पर परमाणु बम से हमला करके लाखो लोगो का फ़ौरी क़त्ल किया और आज तक रेडीएशन से cancer जैसी बिमारी के शिकार हो रहे हैं |

3. अमेरिका ने अफ़्गानिसतान मे हर प्रकार के बमो का इस्तेमाल किया और अफ़्गान लोगो और मासूमो का क़त्ल किया और हज़ारो छोटे छोटे बच्चो को अपाहिज बना दिया इराक़ और अफ़्गानिस्तान मे depleted uranium अर्थात  dirty bomb का इस्तेमाल अमेरिका ने किया |

4. अमेरिका के समर्थन से इस्राएल ने फ़िलिस्तीनियो पर जो बम का इस्तेमाल किया उससे फ़िलिस्तीनीयो के क़त्ल इस तरह किया गया कि उनके जिस्म भांप बन गये 

अमेरिकी हरामज़ादो से ईरान को और पूरी दुनिया को सीखने की ज़रूरत नही है और बद्किरदार ज़लील वहशी अमेरिकी दरिन्दो से किसी को कुछ सीखने की ज़रूरत नही है इन अमेरिकी हरामज़ादो को दुनिया तब भी याद करती है जब ग्वान्तानामो द्वीप मे इराक़ी क़ैदीयो के साथ वहशी सुलूक किया गया था 

ईरान के पास एक मौक़ा मिला है अमेरिकी जल्लादो को कैफ़रे किरदार तक पहुंचाने का बस यह मौक़ा ईरानी किसी तरह भी चुकने न देना इराक़ अफ़ग़ानिस्तान सिरिया लिबिया जापान मे जो नाहक़ खून अमेरिका ने बहाया है उसका बदला ईरानी ले और दुनिया भर के इन्साफ़ परस्त लोग अमेरिकी जल्लादो का सफ़ाया करने मे अहम भुमिका निभाये |

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