Ahmad Rizvi

मौलूद –ए- काबा

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                    अल्लाह रब्बूल इज्जत ने साबिक अम्बिया और रसूल पर जो वाकयात या घटनाए हुई है उसके आने वाले समय मे उसका पैगाम देना है इबरत करना है नसीहत करना हिदायत देना है फ़ज़ीलत बताना है । जब हज़रत ईसा की पैदाइश का समय आया आपकी वालिदा जनाब बीबी मरीयम बैतुल मुक़द्दस के अन्दर रहती थी उस वक़्त अल्लाह सुभान व तआला ने बीबी मरियम को हुक्म दिया कि बैतुल मुक़द्दस को खाली कर दो यह इबादत का घर है जच्चा खाना नहीं है । आप बीबी मरियम ने बैतुल मुक़द्दस को खाली कर दिया । यहाँ पर सवाल उठता है कि 123998 अंबिया से अफजल हज़रत ईसा और उनकी माता बीबी मरियम दोनों पाक है दोनों फ़ज़ीलत रखते है हज़रत ईसा रसूल भी है । अल्लाह जुलजलाल वल इकराम का हर कारनामा हिकमत से भरा होता है । मौला अली की पैदाइश खाना – ए - काबा के अन्दर हुई थी आपकी वालिदा मुक़द्दस जनाबे फातिमा बिन्ते असद जब खाना - ए - काबा मे दाखिल हुई तो द...

अमेरिका की क्रुरता

दुनियां का सबसे बड़ा विलेन ने खुद को सबसे बड़ा मानव संरक्षक होने का ढोंग रचने वाला स्वयंभू अमेरिका जिसने निहत्थे जापानी नागरिको का नरसंहार किया इसके बाद अमेरिका और उसके ईसाई साथी मुल्को के द्वारा क्रूर कार्य किया और यह क्रुर कार्य था 10 लाख से उपर जापानी बेगुनाह नागरिको के कत्ल को कम करके दिखाना, इस कत्ल को कम करके दिखाने का मकसद ईसाईयों के प्रति फैलने वाली नफरत को कम करना था और कुछ सालो बाद अमेरिका के रूप में ईसाईयों को दुनिया में मसीहा दिखाना था, अमेरिका और उसकी ज़ालिम सोच का समर्थन करने वाले लोगों पर शांतिपूर्ण नागरिको की ओर से शाप /लानत और बेगुनाह जापानी नागरिको को श्रद्धांजलि

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